
देहरादून : सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने नाइन पाम वेडिंग प्वाइंट, जोगीवाला में शहीद सैनिकों एवं राज्य आंदोलनकारियों की पुण्य स्मृति और आत्मा की शांति के लिए आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के समापन कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने अमर बलिदानियों की आत्मा की शांति एवं सद्गति के लिए विधिवत आहुति अर्पित की।
मंत्री गणेश जोशी ने श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण करने के साथ व्यासपीठ पर विराजमान कथा वाचक आचार्य श्यामसुंदर जी महाराज से आशीर्वाद प्राप्त किया। उन्होंने प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की और आयोजन के लिए संस्था के पदाधिकारियों को शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि शहीद सैनिकों और राज्य आंदोलनकारियों का बलिदान उत्तराखंड की अमूल्य धरोहर है। उनके त्याग और संघर्ष को हमेशा स्मरण किया जाना चाहिए। ऐसे धार्मिक एवं सामाजिक आयोजनों के माध्यम से अमर बलिदानियों को श्रद्धांजलि देने के साथ उनकी स्मृतियों को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने का अवसर मिलता है।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड वीरभूमि है और प्रदेश के लोगों का सेना के साथ गहरा भावनात्मक जुड़ाव रहा है। राज्य सरकार सैनिकों के सम्मान, कल्याण और उनके परिवारों के हितों के लिए संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है। शहीदों की स्मृति को चिरस्थायी बनाए रखना और उनके परिजनों के हितों का संरक्षण सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।
मंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराएं समाज को सेवा, त्याग, संस्कार और मानवता का संदेश देती हैं। श्रीमद्भागवत कथा जैसे आयोजन समाज में सकारात्मक ऊर्जा के साथ आपसी सद्भाव और सामाजिक एकजुटता को भी बढ़ावा देते हैं।
कार्यक्रम में पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, सुभाष भट्ट, लक्ष्मण सिंह बिष्ट, बलवंत सिंह, ईरा कुकरेती, वंदना रावत, अनुज रावत, उमाकांत भट्ट सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।




